सीएम योगी आदित्यनाथ ने शारदीय नवरात्र की प्रतिपदा पर सोमवार (22 सितंबर) को शक्ति की उपासना से पहले लोगो की समस्याएं सुनी। गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन के दौरान करीब 250 लोगों की समस्याएं सुनकर उनके निस्तारण का अधिकारियों को निर्देश दिया। इसमें प्रमुख रूप से पेंशन, आवास, भूमि विवाद आदि समस्याएं शामिल थीं।
सीएम ने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता है कि हर जरूरतमंद तक सरकार द्वारा चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचे। उन्होंने अफसरों को सख्त निर्देश दिया कि जनता की शिकायतों का निस्तारण पूरी संवेदनशीलता के साथ समयबद्ध ढंग से करें। गोरखनाथ मंदिर परिसर में मौजूद महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के सामने आयोजित जनता दर्शन में मुख्यमंत्री ने खुद एक-एक कर लोगों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने वहां उपस्थित अधिकारियों को संबंधित समस्याओं के शीघ्र निस्तारण के लिए निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि जमीन, मकान आदि से जुड़े प्रकरणों में पुलिस तुरंत मौके पर जाकर स्थलीय जांच कर आख्या उपलब्ध कराएं। इसी तरह पेंशन, आवास व अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्रता के अनुसार हर जरूरतमंद व्यक्ति को दिया जाए।
असहाय व जरूरतमंद को मिले सरकारी योजनाओं का लाभ
पेंशन योजना का लाभ दिलाएं। जनसुनवाई कन्ट्रोल रूम की शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि किसी भी दशा में कोई गरीब, असहाय व जरूरतमंद सरकार की योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। इसके लिए सस्ता भोजन, आवास, पेंशन जैसी योजनाएं संचालित की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता दर्शन व जनसुनवाई के माध्यम से प्राप्त शिकायतों का समय से निस्तारण कर उन्हें संतुष्टि प्रदान करें। थाना स्तर पर सुनिश्चित किया जाए। योगी ने अधिकारियों से कहा कि जन कल्याण के कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
समस्याओं का त्वरित निस्तारण कर सुनिश्चित करें। हालचाल पूछने के दौरान मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार आपके साथ है। समस्याओं को तत्काल प्रभाव से हल करने के लिए विभागीय अफसरों को निर्देश दिए। पेंशन, आवास, इलाज, शिक्षा, सड़क, निकासी समेत अन्य समस्याओं के समाधान पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की मंशा है कि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति सरकार की योजनाओं का लाभ पाने से वंचित न रह जाए। यह सुनिश्चित करने का जिम्मा तहसील व थाना स्तर पर सुनिश्चित किया जाए।




