Tuesday, March 3, 2026
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परंपरा और नवाचार का संगम: माटीकला महोत्सव 2025 की शुरुआत खादी भवन में, 50 जिलों की मिट्टी कला प्रदर्शित

मंत्री ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री माटीकला रोजगार योजना के तहत 1,114 लाभार्थियों को ऋण स्वीकृत कर उद्योगिक इकाइयाँ स्थापित करने में मदद की गई है। इस वर्ष 300 नई इकाइयाँ स्थापित करने का लक्ष्य है। राज्य में अब तक 6 कॉमन फैसिलिटी सेंटर (CFC) स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि तीन नए CFC अमेठी, बरेली और बिजनौर में स्थापित किए जा रहे हैं।

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माटीकला महोत्सव 2025 शुक्रवार (10 अक्टूबर) को खादी भवन में शुरू हुआ, जिसमें 50 जिलों के कारीगरों ने मिट्टी से बने उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई। महोत्सव का उद्घाटन करते हुए एमएसएमई मंत्री राकेश सचान ने कहा कि माटीकला महोत्सव परंपरा और नवाचार का संगम है। इस अवसर पर माटीकला पोर्टल और एक ई-वेरिफिकेशन मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया गया। इसके साथ ही 10 कारीगरों को इलेक्ट्रिक चाक, पग मिल, और ऋण चेक वितरित किए गए।

माटीकला उद्योग का संवर्धन

महोत्सव के उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए मंत्री राकेश सचान ने कहा कि राज्य में सदियों से मिट्टी से मूर्तियाँ, खिलौने, बर्तन, घरेलू उपयोग की वस्तुएं और कलात्मक वस्तुएं बनाने की परंपरा रही है। आज भी राज्य में बड़ी संख्या में माटीकला कारीगर इस पारंपरिक उद्योग से जुड़े हैं। मिट्टी से बने उत्पादों को प्रोत्साहन देने, पारंपरिक उद्योगों को नवाचार के माध्यम से संरक्षित और विकसित करने, और अधिक से अधिक कारीगरों को रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से माटीकला बोर्ड की स्थापना 19 जुलाई 2018 को की गई थी।

बोर्ड द्वारा अब तक 48,048 कारीगर परिवारों की पहचान की गई है और 37,190 कारीगरों को मिट्टी खुदाई के पट्टे आवंटित किए गए हैं।

अब तक 15,932 इलेक्ट्रिक चाक और 375 पग मिल मशीनें वितरित की जा चुकी हैं। इस वित्तीय वर्ष में 2,500 इलेक्ट्रिक चाक और 300 पग मिल वितरित करने का लक्ष्य है। इसके अलावा 603 जोड़ी पी.ओ.पी. साँचे, 31 पेंटिंग मशीनें, और 81 दीया निर्माण मशीनें कारीगरों को प्रदान की गई हैं।

मंत्री ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री माटीकला रोजगार योजना के तहत 1,114 लाभार्थियों को ऋण स्वीकृत कर उद्योगिक इकाइयाँ स्थापित करने में मदद की गई है। इस वर्ष 300 नई इकाइयाँ स्थापित करने का लक्ष्य है। राज्य में अब तक 6 कॉमन फैसिलिटी सेंटर (CFC) स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि तीन नए CFC अमेठी, बरेली और बिजनौर में स्थापित किए जा रहे हैं।

प्रशिक्षण योजना के अंतर्गत 16,307 लाभार्थियों को तकनीकी प्रशिक्षण, 1,114 को उद्यम प्रबंधन प्रशिक्षण, और 6,786 को शिल्प कौशल प्रशिक्षण दिया गया है।

इस समारोह में माटीकला बोर्ड के महाप्रबंधक शिशिर सिंह, नोडल अधिकारी संजय कुमार पांडेय, खादी ग्रामोद्योग बोर्ड एवं माटीकला बोर्ड के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

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