उत्तर प्रदेश सरकार ने दिवाली से पहले सातवें वेतनमान वाले राज्य कर्मचारियों का महंगाई भत्ता (डीए) बढ़ाने के बाद अब पांचवें और छठवें वेतनमान के कर्मचारियों को भी बढ़ी हुई दर से डीए देने का आदेश शुक्रवार (22 अक्टूबर) को जारी कर दिया है। नई दर से डीए का भुगतान अक्टूबर माह के वेतन के साथ किया जाएगा। पांचवें वेतनमान के कर्मचारियों का डीए आठ प्रतिशत और छठवें वेतनमान के कर्मचारियों का डीए पांच प्रतिशत बढ़ाया गया है।
पांचवें वेतनमान के कर्मचारियों को अब तक 466 प्रतिशत डीए मिल रहा था, जो आठ प्रतिशत बढ़कर 474 प्रतिशत हो गया है। वहीं, छठवें वेतनमान वाले कर्मचारियों का डीए 252 प्रतिशत से बढ़कर 257 प्रतिशत हो गया है। इन दोनों वेतनमानों के अंतर्गत आने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों की संख्या लगभग 27 हजार है।
लाभ पाने वाले कर्मचारी
इस वृद्धि का लाभ पांचवें और छठवें वेतनमान में कार्यरत राज्यकर्मियों, सहायता प्राप्त शिक्षण एवं प्राविधिक संस्थानों के कर्मचारियों, शहरी निकायों के नियमित और पूर्णकालिक कर्मचारियों, कार्य प्रभारित कर्मचारियों तथा यूजीसी वेतनमान वाले कर्मचारियों को मिलेगा।
अपर मुख्य सचिव (वित्त) दीपक कुमार द्वारा जारी आदेश के अनुसार बढ़े हुए डीए की राशि अक्टूबर के वेतन के साथ नकद दी जाएगी। वहीं, 1 जुलाई से 30 सितंबर तक की बकाया राशि कर्मचारियों के भविष्य निधि खातों में जमा की जाएगी। जिन कर्मचारियों के पास भविष्य निधि खाता नहीं है, उनकी राशि पीपीएफ या एनएससी के माध्यम से दी जाएगी।
एनपीएस से जुड़े कर्मचारियों के लिए नियम
एनपीएस के अंतर्गत आने वाले कर्मचारियों की बकाया राशि का 10 प्रतिशत हिस्सा उनके टियर-1 पेंशन खाते में जमा किया जाएगा, जबकि राज्य सरकार शेष 14 प्रतिशत राशि इसमें जोड़ेगी। बाकी 90 प्रतिशत राशि कर्मचारी के पीपीएफ में जमा की जाएगी या एनएससी के रूप में दी जाएगी। जो अधिकारी या कर्मचारी आदेश जारी होने से पहले सेवानिवृत्त हो चुके हैं या छह माह में सेवानिवृत्त होने वाले हैं, उन्हें पूरी बकाया राशि नकद मिलेगी।
अखिल भारतीय सेवा के अधिकारियों का डीए भी बढ़ा
राज्य में तैनात अखिल भारतीय सेवा (आईएएस, आईपीएस, आईएफएस) के अधिकारियों का डीए भी बढ़ा दिया गया है। केंद्र सरकार के वित्त मंत्रालय के आदेश के अनुरूप राज्य वित्त विभाग ने इसका आदेश जारी किया है। सातवें वेतनमान वाले अधिकारियों को अब तीन प्रतिशत वृद्धि के साथ 55 की जगह 58 प्रतिशत डीए मिलेगा, छठवें वेतनमान वालों को पांच प्रतिशत वृद्धि के बाद 257 प्रतिशत और पांचवें वेतनमान वाले अधिकारियों को आठ प्रतिशत वृद्धि के साथ अब 474 प्रतिशत डीए प्राप्त होगा।




