मथुरा में शुक्रवार (19 सितंबर) दोपहर एक युवक ने बड़ी सनसनीखेज हरकत की। युवक ने सोशल मीडिया पर वीडियो बनाकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को जान से मारने की धमकी दी। उसने पिस्टल लहराते हुए कहा कि अगर 25 सितंबर से पहले उसकी परेशानियों का समाधान नहीं हुआ, तो वह सीएम योगी को गोली मार देगा और खुद भी जान दे देगा। इस वीडियो के वायरल होते ही सुरक्षा एजेंसियां और पुलिस तुरंत एक्शन में आ गईं।
युवक का वीडियो और धमकी
वीडियो में युवक आधा नंगा था। उसने गले में चेन पहनी थी और हाथ में पिस्टल लहरा कर कह रहा था कि अगर उसे योगी सरकार में मदद नहीं मिली, तो वह सीएम की हत्या कर देगा। वह इस वीडियो में शिकायत की रसीद भी दिखता है। फिर कहता है कि उसने सीएम कार्यालय में अपनी समस्या दर्ज कराई थी। लेकिन उसकी सुनवाई नहीं हुई। उसने ये भी कहा कि उसकी जिंदगी पहले से ही खराब हो चुकी है और यदि उसे कुछ नहीं मिला तो वह खुदकुशी करने के साथ ही सीएम को भी मार देगा।
युवक का दूसरा वीडियो
पहले वीडियो के बाद एक और वीडियो सामने आया जिसमें युवक ने कहा कि मरने से अच्छा है कि 25 सितंबर से पहले सीएम योगी को मार दूं। इस दौरान उसने पिस्टल से मैगजीन निकालकर दिखाया और दावा किया कि इसमें 9 असल गोलियां हैं। उसने यह भी कहा कि चाहे 9 बॉडीगार्ड क्यों न हों, वह सबको गोली मार देगा।
पुलिस की कार्रवाई
वीडियो वायरल होते ही पुलिस ने युवक की लोकेशन निकाली, जो मांट तहसील के हरदयाल गांव में निकली। पहचाना गया कि युवक का नाम सुनीत है और वह भगवान सिंह का बेटा है। उसके पिता की हत्या 2004 में हो गई थी। वो चार भाई है और अभी उसकी शादी नहीं हुई है।
जब पुलिस उसके घर पहुंची तो सुनीत हाथ में पिस्टल लेकर कमरे में घुस गया और बाद में छत पर चढ़ गया। वहां से वह पुलिस को लगातार धमकाता रहा। वह पड़ोसियों के मकानों की छत पर भी घूमता रहा और बार-बार पुलिस को डराने के लिए हवा में फायर करता रहा। इस बीच पुलिस भी पड़ोस की छतों पर चढ़कर उसे पकड़ने की कोशिश करती रही।
करीब ढाई घंटे तक रस्साकशी चलती रही। इस दौरान युवक ने कुल छह हवाई फायर किए। आखिरकार पुलिस ने उसे घेरकर काबू में कर लिया और उसके पास से पिस्टल व कारतूस बरामद कर लिए।
पुलिस का बयान और आगे की जांच
मथुरा एसपी देहात सुरेश रावत ने बताया कि आरोपी सुनीत उर्फ गटुआ ने सोशल मीडिया पर सीएम योगी को धमकी दी थी। उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी कर ली गई है। अधिकारियों ने बताया कि युवक लंबे समय से मानसिक तनाव में था और अक्सर परेशान दिखता था। पुलिस अब उसकी मानसिक स्थिति और मांगों की जांच कर रही है। जरूरत पड़ने पर उसको डॉक्टर को भी दिखाया जाएगा और विशेषज्ञ टीम की मदद ली जाएगी।
इस पूरी घटना ने गांव और इलाके में दहशत फैला दी, लेकिन समय रहते पुलिस ने बड़ा हादसा होने से बचा लिया।




